मुख्यमंत्री तीरथ सिंह के हवाई दौरे महज रस्म अदायगीः धीरेंद्र प्रताप

देहरादून। उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष धीरेंद्र प्रताप ने राज्य के मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत के आज के चमोली, रुद्रप्रयाग व श्रीनगर के दौरे को महज रस्म अदायगी करार दिया है। उन्होंने कहाघ् है कि मुख्यमंत्री का यह दौरा कोरोना से पीड़ित मरीजों के परिवारों के जख्मों पर नमक छिड़कने जैसा है। पार्टी के निवर्तमान प्रवक्ताओं सूरज नेगी और दीपक बलुटिया के साथ जारी एक संयुक्त बयान में कांग्रेस नेताओं ने कहा की जहां राज्य के मुख्यमंत्री द्वारा कुछ दिन पूर्व कुंभ मेले के अवसर पर संपूर्ण देश के श्रद्धालुओं सहित उत्तराखंड के लोगों से भी कुंभ मेले में आकर स्नान कर कोरोना भगाने के लिए भीड़ लगाने की बेकुफी   की अपील कर राज्य की जनता को मौत के मुंह में धकेलने जैसी नादानी की गई। जिसका परिणाम है कि आज करोना राज्य के ग्रामीण क्षेत्रों में कहर बनकर ग्रामीणों पर टूट पड़ा है। पार्टी के तीनो नेताओं ने कहा कि कोरोना से मृत होने वाले मरीजों के परिजनों से श्रीनगर मेडिकल कॉलेज में मृत चेहरा दिखाने के एवज में 5 से 6 हजार रुपए लिए जा रहे हैं। जो सरकार की नाक के नीचे सारा चल रहा है और सरकार कुंभकरण की नींद में सोई है ।जोकि कोरोना से पीड़ित व्यक्ति के परिजनों के साथ घोर अन्याय है। वही श्मशान घाटों पर कोरोना से मरने वाले व्यक्तियों के अंतिम संस्कारों के लिए भी लकड़ी के पूर्ण प्रबंध नहीं है। जिससे मृत व्यक्तियों के परिजन अधिकांश मौकों पर प्रशासन की बाट जोह रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य के तमाम सीमांत जनपदों उत्तरकाशी पिथौरागढ़ रुद्रप्रयाग और चमोली में इस प्रकार की घटनाएं दिल को झकझोर करने वाली हैं जोकि उत्तराखंड जैसे राज्य जो देवभूमि के नाम से जाना जाता है परंतु जो हमारी देवभूमि की संस्कृति के खिलाफ है। साथ ही पार्टी  नेताओं ने कहा कि आखिर इस प्रकार के निंदनीय कार्यों पर सरकार की नजर न पड़ना दुर्भाग्यपूर्ण है। ऐसे कृत्यांे के लिए जनता कभी राज्य सरकार को माफ नहीं करेगी। वहीं दूसरी ओर धीरेंद्र प्रताप, दीपक बलूटीया और सूरज नेगी ने कहा कि को रोना ग्रामीण क्षेत्रों में अपना कहर बहुत तेजी से बढ़ पा रहा है ग्रामीण क्षेत्रों में टेस्टिंग की सुविधाएं भी पर्याप्त नहीं है और ना ही वैक्सीनेशन की सुविधाएं प्राप्त है ।जिससे स्थिति खराब होती जा रही है। चमोली रुद्रप्रयाग और पिथौरागढ़ जनपद में लगातार स्थिति भयावह होती जा रही है। हर तरफ कुरौना काल में फैली अव्यवस्थाओं पर सरकार को जवाब देना ही होगा साथ ही कई मौकों पर प्रशासन की घोर लापरवाही के लिए भी जनता सरकार को माफ नहीं करने वाली है।