डब्लूआईसी इंडिया में आयोजित हुआ पास्ट लाइफ रिग्रेशन पर सत्र 

देहरादून। द वर्ल्ड इंटेग्रिटी सेंटर इंडिया ने आज अपने परिसर में क्वांटम फिजिक्स के माध्यम से पास्ट लाइफ रिग्रेशन पर एक सत्र की मेजबानी की। सत्र का संचालन संस्थापक साईं करुणा मिशन डॉ उदय शाह और केंद्र प्रमुख साईं करुणा मिशन रचना बेरी और पूजा कपूर द्वारा किया गया। कार्यक्रम एक ध्यान सत्र के साथ शुरू हुआ जिसके बाद बातचीत सत्र में दर्शकों को बताया गया कि पिछले जन्मों का वर्तमान जीवन पर कितना प्रभाव पड़ता है।
पिछले जीवन के बारे में दर्शकों को सूचित करते हुए, डॉ उदय शाह ने कहा, “प्रत्येक आत्मा में चेतना होती है। हम सभी एक लक्ष्य के साथ पैदा हुए हैं, जिसमे से ज्यादातर लोगो का लक्ष्य जीवन जीने के लिए पैसे कमाना होता है। पिछला जीवन एक नॉन हेरीडिटी बीमारी है।आपने पिछले जन्म में जो कुछ छोड़ा है वह वर्तमान जीवन में आपके पास आएगा। ” बिग बैंग थ्योरी के बारे में बोलते हुए, डॉ उदय ने बताया, “मृत्यु के बाद, आत्मा को 72 घंटे दिए जाते हैं जहाँ उसके द्वारा की गई गलतियों पर निर्णय लेने और सहमत होने का समय दिया जाता है। फिर आत्मा को क्षमा माँगने और अगले जीवन को चुनने के लिए कहा जाता है, जिसके बाद आत्मा मुक्त होती है और भौतिक शरीर से बाहर हो जाती है। ”रचना बेरी और पूजा कपूर ने चिकित्सीय क्रियाओं के बारे में बताया। उन्होंने दर्शकों को औरा फोटोग्राफी, इलेक्ट्रोमैग्नेटिक फील्ड, डीएनए हीलिंग और साइकिक सर्जरी के बारे में भी बताया। उन्होंने आगे कहा कि करुणा हीलिंग और साइकिक सर्जरी हीलिंग सिस्टम दर्द को शांत करने, अवांछित यादों को मिटाने, कार्मिक के मुद्दों को दूर करने और सामान्य जीवन के प्रतिगमन के बाद उत्पन्न होने वाले सभी अवांछित अनुभवों को भी ठीक करने की प्रक्रिया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*